अपनी जिंदगी खुशी से कैसे जियें ?

सबकी यही इच्छा होती है कि उनका जीवन खुशी से बीते वह हमेशा खुश रहे उन्हें कभी कोई problem न हो . मगर यह जीवन है ही ऐसा. यहां सबके साथ कुछ न कुछ लगा रहता है. पर अगर खुश रहना है तो आपको अच्छी चीजों को देखना होगा, जो है उसमें खुश रहना सीखना होगा. इस post में हम यही discuss करेंगे कि जिंदगी खुशी से कैसे बिताएं, खुश कैसे रहें ? apni jindagi khushi se kaise jiye

सकारात्मक सोच रखें – Think positive

Positive सोच रखने का मतलब है कि आप हमेशा अच्छी बातें सोचें. अगर आपके साथ या आप के आस पास कुछ होता है तो उसमें कुछ अच्छी बातें होती हैं और कुछ बुरी. अच्छी सोच का मतलब है कि आप अच्छी बातों पर ध्यान दें.

Positive लोगों की सांगत में रहें

सांगत का बहुत असर पड़ता है आपने बचपन में सेब वाली कहानी तो सुनी होगी कि एक अच्छा सेब भी खराब सेब के बीच रह कर खराब हो जाता है. कोशिश करें की आप अपना समय अच्छे विचार रखने वाले लोगों में बिताएं.

अपने friend और family के साथ time बिताएँ

आपकी life में सबसे important चीज़ आपकी family और friend होने चाहिए. आपने खुश लोगों को देखा होगा कि वह अपने family पर ध्यान देते हैं. क्योंकि जो लोग हमारे करीब होते हैं वह हमें positive energy देते हैं.

शराब और सिगरेट के नशे से दूर रहें

शाराब एक लत एक बहुत ही खतरनाक बिमारी है, शराब lever खराब करती है तो सिगरेट फेफड़े. और बिना healthy body के खुश रहना मुश्किल है. इन सभी नशे से दुर रहे.

Tension को रखें दुर

आदमी जितना tension लेता है tension उतनी ही बढ़ती है, इसलिए tension को दूर रखें. एक बात सोच लें कि जिंदगी का time limited है और इसे बेकार की सोच में न बिताएं.

प्यार में पड़े

आपने सुना होगा की जब आदमी प्यार में पड़ता है तो वह बेवजह मुस्कुराता है. हर एक को किसी न किसी साथी की जरुरत है जिसके साथ वह अपने गम-खुश बाँट सके. दोस्त काम हो पर अच्छे हो ज्यादा दोस्त होना गलत बात नहीं है पर फिर उन्हें time देना मुश्किल हो जाता है और सभी अच्छे हों वह बीच ज़रूरी नहीं है.

दूसरों की help करें

दूसरों की help कैसे ? जरूरी नहीं की help पैसो से ही होती है. किसी को सड़क पार कराना, किसी प्यासे को पानी पिलाना, भटके हुए को सही रास्ता बताना भी help होती हैं. और ऐसी help करने से आपका मन खुश रहेगा क्योंकि आप किसी के काम आये हैं.

ना बोलना सीखें

कुछ लोग होते हैं जिन्हें अपना काम करने से आसान friend से help लेना लगता है चाहे पफर वह बैठ कर आराम ही क्यों न करें ऐसे लोग हम सभी के आस पास होते हैं. उन्हें ना बोलना सीखें जरूरी नहीं कि जो भी आपके कुछ करने को कहें, आपको अपने साथ चलने को कहे आप उसे हाँ कहें. इससे आपका समय बचेगा और फिर से वह फालतू चीज़ो के लिए आपको परेशान नहीं करेंगे.

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