अपनी शादी को कैसे बचाए ?

जब शादी-शुदा life में विश्वास का अभाव होता है तो married life बहुत stressful होता है. पति-पत्नी का रिश्ता विश्वास की डोर से बना होता है. अगर इस रिश्ते में विश्वास की जरा भी कमी आई तो फिर रिश्ते को टूटने में देर नहीं लगती, जहां से विश्वास टूटता है, वहीँ से शक की शुरुआत होती है. आज के माहौल में हम आँखें मूंद कर विश्वास नहीं कर सकते, लेकिन जब हम बार-बार छोटी-छोटी बातों पर शक करने लगते हैं तो married life में insecurity का माहौल बन जाता है, और relation अच्छे नहीं रहते. और आखिर में एक-दुसरे पर शक करना मतलब घर की बर्बादी को invitation देते हैं.

पति-पत्नी का relation आपसी विश्वास पर टिका होता है जब विश्वास टूटता है तो रिश्ता भी टूटने लगता है, घर परिवार में एक बार शक ने दस्तक दे दी तो फिर बाहर जाने वाली नहीं, जिससे परिवार तबाह होने लगता है.

अपनी शादी को कैसे बचाए ? Apni shadi ko kaise bachaye ?

ईमानदारी से भरोसा जीतें

पति-पत्नी का relation ज्यादातर भरोसे के सहारे चलता है और बिना ईमानदारी के भरोसा कैसे हो सकता है. Life time इस relation की गाड़ी को चलने के लिए एक-दुसरे पर पूरा भरोसा करना जरुरी है. अगर हम कुछ बातों का ख्याल रखें तो married life में प्यार की मिठास और खुशियाँ बनी रहेंगी.

अपने साथी के लिए हमेशा इमानदार रहें और कोई भी ऐसी बात न छुपायें जो बाद में पता चलने पर रिश्ते को ठेस पहुंचे. गलती सभी करते हैं. जीवन पर जब हम गलतियाँ छिपाना शुरू कर देते हैं तभी से रिश्ते में ईमानदारी का खात्मा शुरू हो जाता है. ईमानदारी विश्वास का सबसे important part है.

वादा करके निभाएं

भरोसा commitment से आता है और married life का future बनाने के लिए यह commitment जरुरी है कि दोनों एक-दुसरे पर भरोसा करें. जीवन में स्थिर होकर एक-दुसरे में बारे में सोचे. जीवन में स्थिरता विश्वास को बढाती है. एक-दुसरे को respect दें, क्योंकि आपके जरिये दिया गया respect तीसरे की नजर में भी आता है. इसलिए गरिमा बनाये रखें. Respect करने से परवाह करने का भाव पैदा होता है.

रिश्ते में खुलापन लाएं

बिना hesitation के एक-दुसरे को space दें, अगर रिश्ते में खुलापन है तो कभी भी घुटन नहीं होती और हम आसानी से अपनी बातें रख लेते हैं एक-दुसरे के सामने. कहने और करने में समानता लायें, अगर हम कुछ कहते हैं कि कुछ है और करते कुछ हैं तो आपका अपने रिश्ते से विश्वास हटता जायेगा.

अक्सर पति को पत्नी की बातें दूसरों से सुनने को मिलती है, ज्यादातर मामलों में जब लोग कोई बात किसी से कहते है तो उस में कुछ बातें खुद से भी जोड़ देते हैं. ऐसे में ये बातें आहत करती है. शक की गुंजाइश पैदा कर देती है. इसलिए अपने निजी रिश्ते में दूसरों की बातों को importance न दें.

कमियों और खूबियों को accept करें

Acceptance का होना भी किसी भी relation को strong करने का काम करता है. हमें एक-दुसरे की कमियों और खूबियों को एक हद तक काबुल करने की आदत होनी चाहिये. जीवन में स्वीकार भाव तभी आत है जब हम आपसी तालमेल के दौरान हमेशा अदब और शिष्टाचार के दायरे में रहें और तर्क-वितर्क करते समय अपना आप न खोएं. स्वीकार करने से रिश्ते में विश्वास और प्रेम और परिपक्व को जाता है. अपने रिश्ते में अहंकार कभी न लायें.

किसी affair में न पड़े

Married life विश्वास पर भी आधारित होता है और इसकी सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है ” चरित्र “. आपकी शादी कितनी भी सफल क्यों न हो लेकिन अगर आपका साथी आपसे वफ़ा नहीं करता तो ऐसे रिश्ते पर विश्वास नहीं किया जा सकता. शादी के पहले आपके किससे क्या relation थे, किससे प्यार था, इस बात को भूलकर अपने साथी पर ध्यान दें और अपने रिश्ते में affair को जगह न दें. जब affair सामने आता है तब आपकी शादी बिखरने लगती है. ज़रुरी है कि विश्वास की नीव हिलने न दें. इसे इतना मजबूत बनाएं कि कोई भी situation इसे हिला न सके.

प्यार की डोरी मजबूत पकड़ें

जीवन में भरोसे का महत्त्व प्यार से भी ज्यादा होता है. हम लोगों से प्यार तो कर सकते हैं लेकिन उन पर भरोसा नहीं कर सकते. हमारे रिश्ते bank खाते की तरह होते हैं. हम उनमें जितना जमा करते हैं उतने ही वह बढ़ते जाते हैं. इसलिये हम उतना ही निकल सकते है लेकिन आहार हम बिना जमा किये निकालने की कोशिश करेंगे तो निराशा ही हाथ लगेगी.

कई बार हम जीवन में भी महसूस करते हैं कि हमने निकाल ज्यादा लिया और जमा कुछ नहीं किया. Married life का future bright बनाने के लिए जरुरी है कि दोनों एक-दुसरे के विश्वास की रक्षा करें और हमेशा बनाये रखें.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.