प्यार भरी बातें – Love conversation in Hindi

इस आर्टिकल को अपने अपने दोस्तों के साथ जरुर शेयर करे
  •  
  •  
  •  

तुम्हे पता हे जब तुम बोलती हो तो हवओ मे रूमानियत की बूंदे तैरने लगती हे.. जब तुम हसती हो तो प्यार की ये बूंदे बरसने लगती हे…. मैं बस खो जाता हू तुम्हारी माशुम आँखो की गहराइयो मे… जो समेट लेती हे इन बारीशो को ..और फिर मोती बनकर तुम्हारी आँखो मे चमकती इन बूँदो मे मुझे सारी दुनिया प्यार मे डूबा नज़र आने लगता हे…. तुम्हारी आँखे तुम्हारी बातें तुम्हारी मुस्कुराहते मुझे जीना सीखती हे… तुम प्यार मे हो या प्यार तुम मे … नहीं पता पर तुमसे ही जाना हे मेने प्यार को…. बस तुमसे ही… तुम्हारा आकाश !!     

आकाश !! मेरे शब्दों से हवओ मे रूमानियत की रंगत हे… क्यूँ की ये शब्द सिर्फ़ तुम्हारे लिए हे… मेरी हसी तुम्हे बारिश सी लगती हे… पर इस बारिश को बरसाने वाले बादल तुम ही तो हो…. मेरी आँखो मे जो मासूमियत दिखती हे…. वो तुम पर मेरा बिसवास हे… तुम्हे सारी दुनिया का प्यार मेरी आँखो मे इसलिए नज़र आता हे… क्यूँ की इन्हे देखने वाली आँखे तुम्हारी हे… मेरे पँखो को उड़ान देने वाले आकाश !! तुमने भले ही मुझसे प्यार को जाना होगा…. पर मेने तुम्हारे साथ प्यार को जिया हे… हर पल हर लम्हा… मेरी आँखो, मेरी बतो और मेरी हसी मे जीवन भरने वाले सिर्फ़ तुम हो….. सिर्फ़ तुम….और मे हू …तुम्हारी पंच्छी !!!

आकाश : तुम्हे पता हे तुम्हारी सबसे अच्छी बात क्या हे ?
पंच्छी : क्या ?
आकाश : यही कि तुम बहुत -बहुत अच्छी हो.

पंच्छी : तुम्हे पता हे तुममे सबसे अच्छा क्या हे ?
आकाश : क्या ?

Love conversation in hindi
Love conversation in hindi

पंछी : तुम्हे सिर्फ़ अच्छाई को सराहना ही नहीं आता उसे सहेजना और सवारना भी आता हे.
आकाश : वो इन्सान ही क्या जो अच्छाई को कदर ना जाने… तुझसे जुड़े कोई और तुझे चाहे ….वो प्यार करना भी भला क्या जाने ?

पंछी : तेरे प्यार की गहराइयों की कायल हू मे…. होंठ सील देती हो…. अक्सर तेरी बाते…. खैर ! तेरी तो खामोशियो की भी घायल हू मे…
पंछी : तुमने सुनी है कभी खामिशियों की आवाज़ ?

आकाश : हाँ , बहुत बार…
पंछी : क्या कहती हे खामोशिया ?

आकाश : खामोशिया अक्सर करती है तुम्हारी बातें…. पता ही नहीं चलता… कब जागता हे दिन और कब सोती हे रातें….

आकाश : अच्छा ! तुमने भी सुना हे कभी खामोशियों को ?
पंछी : हाँ, सुना हे ना !! ये शोर भी लगते हे खामोशियो के हिस्से… इन खामोशियो मे सुनती हू मे… हुमारी खामोशियो के किससे……


इस आर्टिकल को अपने अपने दोस्तों के साथ जरुर शेयर करे
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply

Your e-mail address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Scroll to top